apaar card :
आधार कार्ड के बाद अब ‘अपार कार्ड’ का परिचय
क्या है ‘अपार कार्ड’?
भारत सरकार ने ‘स्वचालित स्थायी शैक्षणिक खाता रजिस्ट्री’ या ‘अपार कार्ड’ को बच्चों के लिए एक नए शिक्षा आईडेंटिटी कार्ड के रूप में पेश किया है। यह कार्ड छात्र-छात्राओं को उनके स्कूल या कॉलेज के लिए स्थायी पहचान प्रदान करेगा।
क्यों है यह जरूरी?
इसके माध्यम से सरकार बच्चों की पढ़ाई-लिखाई से लेकर कॉलेज एडमिशन और नौकरी खोज तक में मदद करेगी। माता-पिता की सहमति से होने वाले पंजीकरण के बाद, छात्रों को यह आईडेंटिटी कार्ड मिलेगा जो उनके शैक्षणिक सफलता की पहचान बनेगा।
कैसे बनेगा यह कार्ड?
विद्यार्थी को इस कार्ड के लिए आधार कार्ड और डिजिलॉकर खाता होना आवश्यक है। इसके बाद, छात्र-छात्राओं को स्कूल या कॉलेज में पंजीकृत करने के लिए माता-पिता की सहमति चाहिए। फीस के लिए कोई भी चार्ज नहीं है।ज्यादा जानकारी के लिए https://apaarid.in/ पर जाए।
कार्ड से छात्रों के लिए लाभ:
- बस यात्रा में सब्सिडी
- परीक्षा शुल्क में छूट
- सरकारी संग्रहालयों में निशुल्क प्रवेश
- किताबों और स्टेशनरी पर छूट
- मनोरंजन पार्कों और छात्रावासों के लिए सब्सिडी
यह ‘अपार कार्ड’ छात्रों को शिक्षा के क्षेत्र में सुधार के लिए एक महत्वपूर्ण कदम है।
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